देहरादून। प्रसिद्ध जनसेवी, विख्यात शिक्षक, ज्ञान कलश सोशल वेलफेयर एंड एजुकेशनल सोसाइटी के अध्यक्ष एवं शिक्षा रत्न की उपाधि से सम्मानित डॉ. अभिनव कपूर ने उत्तराखंड में पड़ रही भीषण गर्मी को लेकर चिंता व्यक्त की है। गर्मी के इस मौसम में उन्होंने सभी से एहतियात बरतने की अपील की है।
डॉ. अभिनव कपूर ने कहा, गर्मी के इस मौसम में बचाव के लिए सावधानी बेहद जरुरी है। उन्होंने कहा कि तेज गर्मी और लू से बचने के लिए खुद को हाइड्रेटेड रखना, दोपहर के समय घर से बाहर निकलने से बचना और शरीर को ठंडा रखने वाले खाद्य पदार्थों का सेवन करना सबसे जरूरी है।
डॉ. अभिनव कपूर ने कहा, गर्मी सर बचाव के लिए खूब पानी पिएं। प्यास न होने पर भी हर थोड़ी देर में पानी पीते रहें। इसके साथ ही धूप से आने के बाद ओआरएस या नमक-चीनी का घोल पिएं, ताकि शरीर से पसीने के जरिए निकले इलेक्ट्रोलाइट्स की भरपाई हो सके। प्राकृतिक पेय का सेवन करें।छाछ, लस्सी, नारियल पानी और बेल का शरबत शरीर को अंदर से ठंडा रखने में मदद करते हैं।
डॉ. अभिनव कपूर ने कहा, गर्मियों में दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे के बीच घर से बाहर निकलने से बचें, क्योंकि इस समय धूप सबसे तेज होती है। गर्मी में यदि बाहर जाना जरूरी हो तो टोपी पहनें या सूती गमछे या दुपट्टे से अपने सिर और चेहरे को अच्छी तरह ढक कर निकलें। गहरे रंग की जगह हल्के रंग के सूती व ढीले कपड़े पहनें, जो शरीर में हवा का संचार बनाए रखते हैं।
डॉ. अभिनव कपूर ने कहा, गर्मियों में ताजे फल खाएं। तरबूज, खरबूजा, खीरा, ककड़ी जैसे पानी से भरपूर फलों का सेवन करें। वहीं हल्का भोजन करें, ज्यादा तला-भुना और मसालेदार खाना खाने से बचें। ठंडी चीजे खाएं, पेट को ठंडा रखने के लिए अपनी डाइट में दही को शामिल करें। इन सभी बातों को अमल में लाकर गर्मी से काफी हद तक बचाव किया जा सकता है।
